ऐतिहासिक और अमिट है समाजवाद की वैचारिक धारा वरसी जी स्मृति समारोह में वक्ताओं की राय
हिंदू कोड बिल से नारी शक्ति वंदन अधिनियम तक
रिपब्लिकन एकजुटता और युवा शक्ति को साथ लेकर लोकतंत्र को मजबूत करने का संकल्प हो
वंदना वाजपेयी की कहानियाँ : नई संवेदनाओं की कथा-यात्रा
मनुस्मृति दहन के आधार : डा आम्बेडकर
रवींद्र के दास की कवितायें : माँ ! पापा भी मर्द ही हैं न !
इला कुमार की कवितायें
मारे गये बच्चों की याद में हेम्ंत जोशी , राजेश जोशी और उदय प्रकाश की कवितायें पढ़ें
वसीम अकरम की कवितायें : आलू प्याज की बोरियां हैं लडकियां
लेकिन सुबह तो हो
आशा पाण्डे ओझा की कवितायें
सुल्ताना का सपना
नारे, प्रतिरोध और मज़ा-मज़ाक