शिवम् अवस्थी की कविताएँ और ग़ज़ल
‘द सेकंड सोच’: कटी हुई जुबानों के बीच सच का परचम
फ़िलिस्तीन : एक नया कर्बला – नासिरा शर्मा
पितृसत्तात्मक दृष्टिकोण और स्त्री की आजादी विशेष संदर्भ-मैत्रेयी की कहानी “पगला गयी है भागवती”
हिंसा में कोई मर्दानगी नहीं
मुल्क में बड़े जन आंदोलन की जमीन तैयार हो रही है: मेधा पाटेकर
मेरी ज़िंदगी का सिर्फ़ एक तिहाई हिस्सा ही मेरा है: जयललिता
फेसबुक की खिड़की से झांकती ललनायें/असूर्यमपश्यायें
समाज, संसाधन और संविधान बचाने के लिए एकजुट हों – मेधा पाटकर
कोने से कमरे तक: चार पीढ़ियों की अन्तर्यात्रा
महात्मा जोतीबा फुले का ब्राह्मणवाद से संघर्ष
पूर्ण लोकतंत्र की स्थापना : एक किताब,एक पहल