स्वर की बहुरंगी विरासत और स्त्री-अभिव्यक्ति की स्वतंत्र आवाज़
एनडीए के राज में सुरक्षित नहीं हैं महिलाएं
‘रजत रानी मीनू’ की कविताओं में स्त्री – रुपक कुमार
नीतिशा खलखो की कविताएं
अपराधी हूँ मैं और अन्य कविताएँ
भवसागर के उस पार मिलना पियारे हरिचंद ज्यू
ग्राम्य जीवन का दस्तावेज़ :चिरकुट दास चिन्गारी
नोबेल पुरस्कार जीतने वाली पहली अफ्रीकी-अमेरिकी महिला–टोनी मॉरिसन
हव्वा की बेटियों का ख़्वाब है ‘दूसरी जन्नत’/नासिरा शर्मा
आए बड़े पढ़े-लिखे इंसाफ़ज़ादे व अन्य कविताएं (कवयित्री: वीना)
वे सख्त दिल मह्बूब: सफ़र के क़िस्से
औरतें उठी नहीं तो जुल्म बढ़ता जायेगा (भारती वत्स) की कविताएं
‘गूज बम्प्स’