गैंगस्टर माँ का साया और एक आज़ाद बेटी की परवाज़
परायों की गली में नितांत अकेला कुशवाहा सम्राट (चौधरी) !
प्रतीकों की लड़ाई: महिष दसरा, वर्चस्व का इतिहास और सत्ता का मौन
फिल्मों में स्त्री-भूमिका के प्रश्न “भूमिका” फ़िल्म के सन्दर्भ में
महिलाओं के खिलाफ हिंसा सिर्फ यौन हिंसा तक सीमित नहीं है : एनी राजा
स्त्री – संस्कृति का हरकारा : यू आर अनंतमूर्ती
वे लाइव पोर्न में प्रदर्शन के पूर्व ईश्वर को प्रणाम करती हैं !
नगाड़े की तरह बजते है शब्द
स्त्री एवं भाषा : तीसरी परम्परा की खोज एवं वैकल्पिक भाषावैज्ञानिक अध्ययन
धारा 304 IPC के बहाने एक चर्चा : एक विचार यह भी
औरत : आजाद होने का अर्थ !
ज्यादा अश्लील हैं मर्दों के पहनावे : बुल टीशर्ट यानी अश्लील टीशर्ट!
ऐतिहासिक और अमिट है समाजवाद की वैचारिक धारा वरसी जी स्मृति समारोह में वक्ताओं की राय