गद्य काव्य रचना त्रयी
फूलमती का वसंत ऋतु
‘कामायनी’ और ‘उर्वशी’ : आधुनिक मनुष्य की त्रासदी और मुक्ति-चेतना का आख्यान
बापू टावर में सवर्ण वर्चस्व का नंगा नाच
इस दुनिया को जितनी जल्दी हो बदल देना चाहिए
कार्बाइड का कलंक : औरतों की आपबीतियां
कार्बाइड का कलंक
भाजपा सरकार से अपील : फॉरवर्ड प्रेस पर पुलिस कार्यवाई और उसके संपादकों के खिलाफ एफ आई आर की निंदा और अपील
महिला मताधिकार पर बहस : सन्दर्भ बिहार विधान परिषद ( १९२१ , १९२५, १९२९ )
मंडल और महिला आरक्षण
बेहाल गाँव, बेहाल बेटियां , गायब पौधे… धरहरा , जहाँ बेटी पैदा होने पर नहीं लग पाते हैं पेड़ : सुशासन का सच
प्रसंग : मोदी और दलित
लोक से विश्व तक गूंजती छत्तीसगढ़ की धड़कन अब खामोश: तीजन बाई