Homeस्त्रीवाद स्त्रीवादस्वास्थ्य स्वच्छ भारत अभियान की सच्चाई जानें: महिला एक्टिविस्ट ने उठाये सवाल By streekaal July 12, 2017 0 570 FacebookTwitterPinterestWhatsApp महिला एक्टिविस्ट ममता दास ने खोली स्वच्छ भारत अभियान की पोल. घरों में तो किसी तरह बन गये शौचालय, जिसका इस्तेमाल नहीं होता, लेकिन खेत-खलिहान, हाट-बाजार जाने वाली महिलाओं के लिए क्या? Tagsममता दासवीडियोशौचालयस्वच्छ भारत Share FacebookTwitterPinterestWhatsApp Previous articleसामंती हवेलियों में दफ्न होती स्त्रीNext articleयक्ष-प्रश्न और अन्य कविताएँ Related Articles कला-संस्कृति लोक से विश्व तक गूंजती छत्तीसगढ़ की धड़कन अब खामोश: तीजन बाई इतिहास रीतिकालीन कविता और स्त्री यौनिकता विमर्श इतिहास हँसना है तो थोड़ा रो लें: मैं वापस आऊंगा’ LEAVE A REPLY Cancel reply Comment: Please enter your comment! Name:* Please enter your name here Email:* You have entered an incorrect email address! Please enter your email address here Website: Save my name, email, and website in this browser for the next time I comment. ISSN 2394-093X 418FansLike783FollowersFollow73,600SubscribersSubscribe Latest Articles कला-संस्कृति लोक से विश्व तक गूंजती छत्तीसगढ़ की धड़कन अब खामोश: तीजन बाई इतिहास रीतिकालीन कविता और स्त्री यौनिकता विमर्श इतिहास हँसना है तो थोड़ा रो लें: मैं वापस आऊंगा’ इतिहास “भक्तिकालीन हिंदी साहित्य में स्त्री-अस्मिता कीअभिव्यक्ति : एक आलोचनात्मक अध्ययन” खबरें सूखा नशा Load more