Homeस्त्रीवाद स्त्रीवादस्वास्थ्य स्वच्छ भारत अभियान की सच्चाई जानें: महिला एक्टिविस्ट ने उठाये सवाल By streekaal July 12, 2017 0 533 FacebookTwitterPinterestWhatsApp महिला एक्टिविस्ट ममता दास ने खोली स्वच्छ भारत अभियान की पोल. घरों में तो किसी तरह बन गये शौचालय, जिसका इस्तेमाल नहीं होता, लेकिन खेत-खलिहान, हाट-बाजार जाने वाली महिलाओं के लिए क्या? Tagsममता दासवीडियोशौचालयस्वच्छ भारत Share FacebookTwitterPinterestWhatsApp Previous articleसामंती हवेलियों में दफ्न होती स्त्रीNext articleयक्ष-प्रश्न और अन्य कविताएँ Related Articles पितृसत्ता ‘शतरंज’ की बिसात पर सोशल मीडिया ‘के खिलाड़ी’ कला-संस्कृति स्वर की बहुरंगी विरासत और स्त्री-अभिव्यक्ति की स्वतंत्र आवाज़ खबरें एनडीए के राज में सुरक्षित नहीं हैं महिलाएं LEAVE A REPLY Cancel reply Comment: Please enter your comment! Name:* Please enter your name here Email:* You have entered an incorrect email address! Please enter your email address here Website: Save my name, email, and website in this browser for the next time I comment. ISSN 2394-093X 418FansLike783FollowersFollow73,600SubscribersSubscribe Latest Articles पितृसत्ता ‘शतरंज’ की बिसात पर सोशल मीडिया ‘के खिलाड़ी’ कला-संस्कृति स्वर की बहुरंगी विरासत और स्त्री-अभिव्यक्ति की स्वतंत्र आवाज़ खबरें एनडीए के राज में सुरक्षित नहीं हैं महिलाएं ऑनलाइन शोध जर्नल ‘रजत रानी मीनू’ की कविताओं में स्त्री – रुपक कुमार कविता नीतिशा खलखो की कविताएं Load more