हिंदू कोड बिल से नारी शक्ति वंदन अधिनियम तक
रिपब्लिकन एकजुटता और युवा शक्ति को साथ लेकर लोकतंत्र को मजबूत करने का संकल्प हो
वंदना वाजपेयी की कहानियाँ : नई संवेदनाओं की कथा-यात्रा
नारे, प्रतिरोध और मज़ा-मज़ाक
लिखने बैठा अभिजीत भट्टाचार्य की कुंठा लिख बैठा सहारनपुर का जोश
दलित पत्रकारिता का जूनून: कठिन डगर की राह पर डॉली कुमार
बाहर और घर, दोनो मोर्चों पर जिसने स्त्रीवादी संघर्ष किया
प्रेम, विवाह और स्त्री
साधु का लिंग महिला ने काटा: पितृसत्ता लहू-लुहान
स्त्रीसत्ता, लोकायत दर्शन और क्रान्ति की गति
फूलन देवी की ह्त्या के लिए सजायफ्ता है सहारनपुर की घटना का मास्टरमाइंड
सेक्स और स्त्री देह के प्रति सहजता और कुंठा के बीच महीन रेखा
आधुनिक भारत में महिलाओं की भूमिका : परिवर्तन, उपलब्धियाँ और चुनौतियाँ