पूर्ण लोकतंत्र की स्थापना : एक किताब,एक पहल
बच्चों की क़त्लगाह ग़ाज़ा पट्टी
दोहरी सियासत का शिकार फ़िलिस्तीन
“श्वेत पर्दे पर श्याम और उनकी ‘सुसमन ’ (The Essence)
नाबालिग पत्नी से, बलात्कार का कानूनी अधिकार (हथियार): अरविंद जैन
समकालीन हिंदी आलोचना का स्त्री स्वर
उषा प्रियंवदा की कहानियों में स्त्री-अस्मिता का प्रश्न
विसंगतिग्रस्त समाज और स्त्री
स्त्री के रंगों की दुनिया
जाति, जेंडर और क्लास दलित स्त्रीवाद की धूरि
महिला मानवाधिकार बनाम घरेलू हिंसा
अधिकांश दलित परिवारों में मातृसत्ता के अवशेष अभी भी दिखते हैं : अनिता भारती
पोस्ट ट्रुथ के दौर में युवाओं (जेन Z) के आंदोलन : कुछ सवाल, कुछ जवाब