कहानी: टुकी मिसिर
जदयू में उतराधिकार : नीतीश मॉडल की नयी पटकथा
इमाम आयतुल्लाह ख़ामेनेई से नासिरा शर्मा का साक्षात्कार
महकार की महागाथा: लोकतंत्र का एक जीवित महाकाव्य है महकार
एक ‘अच्छी औरत’, स्मृति ईरानी के पक्ष में ( खुला ख़त , सेवा में जिनसे संबंधित हो)
नंदलाला के लिए होली और गोपियों के लिए गाली : होली के बहाने स्त्रियों की यौनिकता पर प्रहार
मैं हिजड़ा… मैं लक्ष्मी
होली का स्त्रीवादी पाठ
वीरांगना होलिका मूल निवासी थी , क्यों मनायें हम उनकी ह्त्या का जश्न
होली पर पिंजडा खोलो ऋचा : अनुपम सिंह की चिट्ठी
विज्ञान के क्षेत्र में लडकियां क्यों कम हैं ?
स्त्री मुक्ति का यथार्थ
ग्रामीण बिहार में “सूखा नशा” का बढ़ता जाल: 10 वर्षों से उभरता एक सामाजिक आपदा