कहानी: टुकी मिसिर
जदयू में उतराधिकार : नीतीश मॉडल की नयी पटकथा
इमाम आयतुल्लाह ख़ामेनेई से नासिरा शर्मा का साक्षात्कार
महकार की महागाथा: लोकतंत्र का एक जीवित महाकाव्य है महकार
कानूनी भेदभाव: बेड़ियाँ तोड़ती स्त्री (सी.बी.मुथम्मा)
हिंदू कोड बिल और डॉ. अंबेडकर
अपने ही कानूनी जाल-जंजाल में फंसे पितृसत्ता के होनहार लाडले
भेदभाव की कानूनी बेड़ियाँ तोड़ती स्त्री: रख्माबाई
न्यायपालिका में यौन शोषण का मामला पहला नहीं है और न्याय नहीं हुआ तो आख़िरी भी नहीं होगा
यौन-उत्पीड़न की जांच आरोपी मुख्य न्यायाधीश ही कैसे कर सकते हैं!
धारा 377 की मौत और पितृसत्तात्मक विमर्श पद्धति
यौन स्वतंत्रता, कानून और नैतिकता (अरविन्द जैन)
ग्रामीण बिहार में “सूखा नशा” का बढ़ता जाल: 10 वर्षों से उभरता एक सामाजिक आपदा