कहानी: टुकी मिसिर
जदयू में उतराधिकार : नीतीश मॉडल की नयी पटकथा
इमाम आयतुल्लाह ख़ामेनेई से नासिरा शर्मा का साक्षात्कार
महकार की महागाथा: लोकतंत्र का एक जीवित महाकाव्य है महकार
स्त्रीवाद की ` रिले रेस `में रमणिका गुप्ता का बेटन
स्त्रीकाल द्विमासिक ई जर्नल (शोध), अंक 27-28 ( दिसम्बर मार्च )
दुश्मनी से परे जन की बात: पाकिस्तानी जनांदोलन की किताब
महिलाओं को संसद में होना ही चाहिए : वेंकैया नायडू
“आम औरत की दैहिक या मानसिक यातना के लिए दहकते सवाल“
स्त्रीकाल (अक्टूबर-दिसंबर) पढ़ें नॉटनल पर
स्त्रीकाल द्विमासिक ई जर्नल (शोध), अंक 26 (अक्टूबर -नवंबर, 2017)
‘दलित’ शब्द दलित पैंथर आंदोलन के इतिहास से जुड़ा है: रामदास आठवले
ग्रामीण बिहार में “सूखा नशा” का बढ़ता जाल: 10 वर्षों से उभरता एक सामाजिक आपदा